पनबस यूनियन के प्रतिनिधियों ने हरपाल सिंह चीमा के सामने कर्मचारियों के मुद्दे रखे।
पंजाब रोडवेज के पनबस कर्मचारियों की समस्याओं और लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर बुधवार को चंडीगढ़ में अहम बैठक हुई। वित्त एवं परिवहन मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने पनबस स्टेट ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन के प्रतिनिधियों से बातचीत की और उनकी ओर से उठाए गए मुद्दों पर कार्रवाई के निर्देश दिए। मंत्री ने कहा कि कर्मचारियों की जायज मांगों का समाधान करना सरकार की प्राथमिकता है।
परिवहन विभाग को जल्द निपटारे के निर्देश
बैठक के दौरान यूनियन प्रतिनिधियों ने कर्मचारियों की सेवा शर्तों और अन्य लंबित मांगों से जुड़ी समस्याएं सामने रखीं। मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने अधिकारियों को इन मामलों पर गंभीरता से काम करने और जायज मांगों का जल्द निपटारा सुनिश्चित करने को कहा।
उन्होंने निर्देश दिए कि जिन मुद्दों पर तत्काल फैसला लिया जा सकता है, उनमें देरी नहीं होनी चाहिए। साथ ही ऐसे मामलों को भी उचित प्रक्रिया के जरिए आगे बढ़ाया जाए, जिनमें कानूनी राय की जरूरत है।
जटिल मामलों पर एजी कार्यालय से ली जाएगी कानूनी राय
कुछ सेवा-संबंधी मामलों में कानूनी पहलुओं की विस्तृत जांच जरूरी बताई गई। इस पर मंत्री ने परिवहन विभाग को एडवोकेट जनरल कार्यालय के साथ अलग से बैठक बुलाने के निर्देश दिए।
इस बैठक में संबंधित मामलों की बारीकी से समीक्षा की जाएगी, ताकि कर्मचारियों की समस्याओं का नियमों के अनुरूप उचित समाधान निकाला जा सके।
यूनियन के प्रमुख पदाधिकारी बैठक में रहे मौजूद
पनबस स्टेट ट्रांसपोर्ट वर्कर्स यूनियन की ओर से प्रदेश प्रधान हरमिंदर सिंह, महासचिव लखविंदर सिंह और वरिष्ठ उपाध्यक्ष बचित्तर सिंह ने कर्मचारियों की मांगें और समस्याएं रखीं।
हरपाल सिंह चीमा ने दोहराया कि राज्य सरकार परिवहन कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने विभाग को निर्देश दिया कि कर्मचारियों से जुड़े जायज मामलों को प्राथमिकता देते हुए समाधान की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाए।
