दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने के बीच भगवंत मान ने पंजाब के किसानों का समर्थन किया।
दिल्ली की हवा में प्रदूषण बढ़ने के साथ ही पंजाब में पराली जलाने को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने पंजाब के किसानों का बचाव करते हुए सवाल किया है कि जब राज्य के कई हिस्सों में धान की कटाई शुरू नहीं हुई थी, तब दिल्ली की खराब हवा के लिए पंजाब को जिम्मेदार कैसे ठहराया जाने लगा?
चंडीगढ़ में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में मान ने कहा कि दिल्ली में प्रदूषण बढ़ने पर सबसे पहले पंजाब के किसानों को निशाने पर लिया जाता है। उन्होंने कहा कि हवा की गुणवत्ता खराब होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, इसलिए सारी जिम्मेदारी किसानों पर डालना ठीक नहीं है।
मनजिंदर सिंह सिरसा ने उठाए पराली जलाने के मामले
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं को लेकर AAP सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। उनका दावा है कि राज्य में पराली जलाने के मामले सामने आए हैं और संबंधित किसानों के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई हैं।
दूसरी ओर, आम आदमी पार्टी के नेताओं ने भाजपा पर इस मुद्दे को राजनीतिक रंग देने का आरोप लगाया। पंजाब में पार्टी के मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने कहा कि दिल्ली के प्रदूषण का ठीकरा केवल पंजाब पर फोड़ना उचित नहीं है।
AAP ने पेश किए पराली जलाने के आंकड़े
पराली जलाने की घटनाओं को लेकर दोनों पक्षों के बीच आंकड़ों की बहस भी शुरू हो गई है। AAP नेताओं के मुताबिक, पंजाब में ऐसी घटनाओं में पिछले वर्षों की तुलना में कमी आई है।
पार्टी की ओर से साझा आंकड़ों में बताया गया कि 2021 में पराली जलाने की करीब 71 हजार घटनाएं दर्ज हुई थीं। वहीं, 2025 में इनकी संख्या 5,114 बताई गई।
इसके विपरीत, दिल्ली के पर्यावरण मंत्री ने मौजूदा वर्ष में पराली जलाने की घटनाओं और एफआईआर को लेकर अलग आंकड़े सामने रखे हैं। इसी वजह से दोनों पक्षों के दावों को लेकर विवाद बना हुआ है।
AQI बहुत खराब श्रेणी में, प्रदूषण पर बढ़ी चिंता
4 नवंबर को सामने आई रिपोर्टों के अनुसार, दिल्ली का AQI बहुत खराब श्रेणी में पहुंच गया था। प्रदूषण की चर्चा में पराली के साथ-साथ वाहनों का धुआं, निर्माण गतिविधियों से निकलने वाली धूल और मौसम की परिस्थितियां भी शामिल हैं।
हवा की गति और मौसम प्रदूषकों के फैलाव को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे में दिल्ली के प्रदूषण में अलग-अलग स्रोतों की भूमिका को लेकर बहस के बीच पंजाब और दिल्ली की सरकारों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं।
DA बढ़ोतरी और सरकारी नौकरियों का भी किया जिक्र
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भगवंत मान ने पंजाब सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए महंगाई भत्ते में 3 प्रतिशत बढ़ोतरी का ऐलान किया। उन्होंने बताया कि इस फैसले से लगभग 8 लाख लोगों को फायदा होगा और DA की दर 53 प्रतिशत हो जाएगी।
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की ओर से अब तक 71,777 सरकारी नौकरियां देने का दावा भी किया। इस तरह प्रेस कॉन्फ्रेंस में पराली विवाद के अलावा कर्मचारियों के महंगाई भत्ते और रोजगार के मुद्दे भी सामने आए।
किसानों और प्रदूषण को लेकर राजनीतिक बहस जारी
दिल्ली की खराब हवा ने एक बार फिर पंजाब में पराली जलाने के मुद्दे को राजनीतिक बहस के केंद्र में ला दिया है। AAP जहां किसानों पर एकतरफा आरोप लगाने का विरोध कर रही है, वहीं BJP की ओर से पंजाब में पराली जलाने की घटनाओं को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।
अब इस विवाद में पराली जलाने के आंकड़ों, दर्ज एफआईआर और प्रदूषण के अलग-अलग स्रोतों को लेकर दोनों पक्षों के दावे चर्चा में हैं।
