Uttarakhand Helicopter Crash
उत्तराखंड के चमोली जिले में शुक्रवार दोपहर एक दर्दनाक विमान हादसा हुआ। बदरीनाथ धाम से देहरादून के लिए उड़ान भरने वाला ट्रांस भारत एविएशन का हेलीकॉप्टर जोशीमठ के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में सवार सभी छह लोगों की मौत हो गई।
दुर्घटना के बाद सामने आई तस्वीरों में हेलीकॉप्टर के कई टुकड़े पहाड़ी इलाके में बिखरे नजर आ रहे हैं। हादसे में हेलीकॉप्टर को भारी नुकसान पहुंचा। राहत एवं बचाव दल ने दुर्गम क्षेत्र में पहुंचकर अभियान चलाया और सभी छह लोगों के पार्थिव शरीर बरामद किए।
हाथी पर्वत क्षेत्र में हुआ दर्दनाक हादसा
जानकारी के अनुसार, हेलीकॉप्टर 30 अक्टूबर को बदरीनाथ से देहरादून के सहस्त्रधारा हेलीपैड के लिए रवाना हुआ था। विमान का रजिस्ट्रेशन नंबर VT-HCX था और यह AS350B3 श्रेणी का हेलीकॉप्टर था।
उड़ान के दौरान जोशीमठ घाटी के ऊपर हेलीकॉप्टर से संपर्क टूट गया। इसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई। शुरुआती जानकारी में चाई गांव के पास आखिरी लोकेशन मिलने की बात सामने आई। बाद में हाथी पर्वत क्षेत्र में दुर्घटनास्थल का पता चला।
हादसे में छह लोगों की मौत
हेलीकॉप्टर में एक पायलट और पांच यात्री सवार थे। चमोली पुलिस की ओर से सामने आई जानकारी के मुताबिक, इस दुर्घटना में सभी छह लोगों की जान चली गई।
मृतकों की पहचान:
- कैप्टन हिमांशु
- प्रथापा
- अरुण सालुंके
- शंकर गौड़ा
- सुधीर के
- एचएस नटराजा
पांचों यात्री बेंगलुरु के रहने वाले थे। हादसे के बाद सभी छह के पार्थिव शरीर बरामद किए जाने की जानकारी सामने आई।
सेना की टीम ने सबसे पहले देखा था धुआं
हादसे से जुड़ी शुरुआती जानकारी में बताया गया कि सेना के सिग्नल सेंटर की टीम ने हेलीकॉप्टर से धुआं उठते देखा था। विमान तेजी से नीचे की ओर आता दिखाई दिया। इसके बाद हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
घटनास्थल से मिले वीडियो और तस्वीरों में मलबे की गंभीर स्थिति दिखाई दे रही है। हेलीकॉप्टर के हिस्से पहाड़ी ढलान और झाड़ियों के बीच बिखरे हुए मिले।
बचाव अभियान में जुटीं कई एजेंसियां
हेलीकॉप्टर से संपर्क टूटने के बाद पुलिस, एसडीआरएफ, सेना, आईटीबीपी और जिला प्रशासन की टीमें सक्रिय हुईं। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र और खराब मौसम के कारण घटनास्थल तक पहुंचने में मुश्किलें आईं।
केंद्र सरकार के नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने भी हादसे की जानकारी जारी की। दुर्घटना की प्रारंभिक और नियामकीय जांच के लिए नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) की टीम देहरादून भेजे जाने की जानकारी दी गई।
अब हादसे की वजह जानने के लिए होगी जांच
हेलीकॉप्टर दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा। खराब मौसम, पहाड़ी क्षेत्र और उड़ान के दौरान सामने आई परिस्थितियों की जांच महत्वपूर्ण होगी।
इस हादसे ने एक बार फिर उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में हेलीकॉप्टर सेवाओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
